18/06/2025
स्फटिक माला धारण करने से धन, संपत्ति, यश और बल और आकर्षक की प्राप्ति होती है।
ज्योतिष में स्फटिक को एक ऐसी जादुई माला के रूप में जाना जाता है, जिसे धारण करते ही व्यक्ति के आकर्षण में चमत्कारिक रूप से वृद्धि होती है और उस पर मां लक्ष्मी की कृपा बरसने लगती है।
सनातन परंपरा में ईश्वर की कृपा पाने और ग्रहों से संबंधित दोषों को दूर करने के लिए तमाम तरह के उपाय किये जाते हैं, इन्हीं उपायों में विभिन्न रत्नों की माला का जप या फिर उसे धारण करने के कई शुभ फल बताए गये हैं, स्फटिक की माला एक ऐसी ही जादुई माला है, जिसे धारण करते ही व्यक्ति का आकर्षण अपने आप बढ़ जाता है।
स्फटिक एक पारदर्शी रत्न होता है, जो माता लक्ष्मी को अत्यंत प्रिय है, ज्योतिष के अनुसार यदि आपके जीवन में सुख-शांति और एकाग्रता की कमी हो तो, आपको इस माला को धारण करना चाहिए या फिर इस माला से जप करना चाहिए, स्फटिक को कांच मणि, बिल्लौर, क्रिस्टल और क्वार्ट्ज भी कहा जाता है।
इसे हीरे का उपरत्न माना गया है।
शुक्र के अशुभ फल को दूर करने और उसके शुभ फल को प्राप्त करने के लिए इसे माला के साथ-साथ ब्रेसलेट, पेंडेंट आदि के रूप में धारण किया जा सकता है।
स्फटिक की माला पहनने के लाभ:--
+. यदि आपको अपने प्रयासों और मेहनत का फल नहीं मिल पा रहा है, तो यह चमत्कारिक स्फटिक की माला आपके प्रयासों को सफल बना सकती है।
+. नाम, पैसा और शोहरत कमाने के लिए यह माला बहुत लाभकारी और असरकारी उपाय है। मां लक्ष्मी की कृपा से इस माला के प्रभाव से व्यक्ति को खूब पैसा मिलता है।
+. मां लक्ष्मी से संबंधित होने के कारण इस माला को पहनने से धन की प्राप्ति होती है। आर्थिक तंगी, कर्ज से मुक्ति और धन की कमी दूर करने के लिए इस माला को पहना जाता है।
✓. शुक्रवार के दिन स्फटिक की माला से मां लक्ष्मी के मंत्र का जप करने पर शीघ्र ही उनकी कृपा प्राप्त होती है और आर्थिक स्थिति में चमत्कारिक रूप से तत्काल सुधार होता है।
+. घर की कलह को दूर करने और दांपत्य जीवन में मधुरता लाने के लिए भी आप स्फटिक की माला को धारण कर सकते हैं |
✓स्फटिक की माला मानसिक शांति, सिरदर्द, खून से संबंधित विकारों और बुखार को कम करने में भी यह माला मदद करती है।
स्फटिक माला पहनने के नियम:--
स्फटिक की माला के पहनने के कोई ख़ास नियम नहीं होते है, इस माला को आप मंत्र से अभिमंत्रित एवं सिद्ध करके डाल सकते है और इस माला से आप किसी भी देवी देवता के मंत्रो का जप कर सकते है।
स्फटिक माला किस दिन डाले ?
स्फटिक माला को शुक्रवार के दिन डाला जाता है। स्फटिक हीरे का उपरत्न है।
स्फटिक माला को सिद्ध या अभिमंत्रित कैसे करे ?
शुक्रवार के दिन सुबह स्नान करके आप पूजा स्थान पर बैठ जायें और माला को पूजा की थाली में रख लें। माला के ऊपर गंगाजल का छिड़काव करे और 2100 बार 'पंचवक्त्र: स्वयं रुद्र: कालाग्निर्नाम नामत:।।' मंत्र का जाप करे। मंत्र का उच्चारण सही तरीके से करे। नहीं तो माला अभिमंत्रित नहीं हो पायेगी।
स्फटिक की माला पहनने से कई फायदे हो सकते हैं, जिनमें भय और घबराहट से मुक्ति, मन की शांति, धन और समृद्धि में वृद्धि, और भूत-प्रेत बाधा से मुक्ति शामिल हैं. इसके अतिरिक्त, स्फटिक माला को धारण करने से शुक्र ग्रह के दोष दूर होते हैं और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।
स्फटिक की माला पहनने के कुछ प्रमुख फायदे इस प्रकार हैं:-- भय और घबराहट से मुक्ति मिलती है।
स्फटिक माला पहनने से मन शांत रहता है और किसी भी प्रकार का भय या घबराहट नहीं होती है।
सुख, शांति और धैर्य:-- यह माला मन में सुख, शांति और धैर्य बनाए रखने में मदद करती है।
धन और समृद्धि, ज्योतिष के अनुसार, स्फटिक माला धारण करने से धन, संपत्ति, यश और बल की प्राप्ति होती है।
भूत-प्रेत बाधा से मुक्ति:--स्फटिक माला को धारण करने से भूत-प्रेत आदि की बाधा से भी मुक्ति मिल सकती है।
शुक्र ग्रह के दोषों से मुक्ति:--स्फटिक माला शुक्र ग्रह के दोषों को दूर करने में भी सहायक मानी जाती है।
सकारात्मक ऊर्जा:--स्फटिक माला धारण करने से सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।
मानसिक शांति:--यह माला मन को शांत करने और एकाग्रता बढ़ाने में मदद करती है।
स्वास्थ्य लाभ:--कुछ मान्यताओं के अनुसार, स्फटिक माला शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य के लिए भी लाभदायक होती है।
अन्य फायदे:--
स्फटिक माला को मंत्र जाप के लिए भी इस्तेमाल किया जाता है, जिससे मंत्र शीघ्र सिद्ध हो जाता है।
यह माला नकारात्मक ऊर्जा को दूर करने और सकारात्मक ऊर्जा को आकर्षित करने में भी मदद करती है।
कुछ लोगों का मानना है कि स्फटिक माला पहनने से आर्थिक संकटों से भी राहत मिलती है।
ध्यान रखने योग्य बातें:--
स्फटिक माला को धारण करने से पहले, इसे गंगाजल से धोकर शुद्ध कर लेना चाहिए।
स्फटिक माला को हमेशा साफ और स्वच्छ स्थान पर रखना चाहिए।
यदि माला टूट जाती है, तो उसे नदी में प्रवाहित कर देना चाहिए या किसी पवित्र स्थान पर रख देना चाहिए।
धन प्राप्ति के लिए कौन सा रत्न धारण करना चाहिए?
धन प्राप्ति के लिए कुछ रत्न हैं जिन्हें धारण करने की सलाह दी जाती है, जैसे कि पुखराज, पन्ना, सिट्रीन, और ग्रीन जेड। ये रत्न आर्थिक समस्याओं से छुटकारा पाने, धन-संपत्ति में वृद्धि करने, और सफलता पाने में मदद कर सकते हैं।
पुखराज:--- पुखराज को गुरु ग्रह से संबंधित माना जाता है, जो समृद्धि और वृद्धि का कारक है। इसे धारण करने से आर्थिक समस्याओं से मुक्ति मिल सकती है, ज्ञान में वृद्धि हो सकती है, और करियर में सफलता के नए रास्ते खुल सकते हैं।
पन्ना:-- पन्ना रत्न बुध ग्रह से संबंधित है और इसे धारण करने से धन-धान्य की कमी नहीं होती है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, यह रत्न व्यापार में आ रही बाधाओं को दूर करने में भी मदद करता है।
सिट्रीन:-- सिट्रीन रत्न को "व्यापारी का पत्थर" भी कहा जाता है, और यह धन और सफलता को आकर्षित करने की अपनी क्षमता के लिए जाना जाता है।
ग्रीन जेड:-- ग्रीन जेड स्टोन को धन-संपन्नता के लिए बहुत लाभकारी माना जाता है। नए व्यापार की शुरुआत करने वालों के लिए यह रत्न विशेष रूप से शुभ माना जाता है।
अन्य रत्न:-- रत्न शास्त्र में, माक्षिक रत्न, टाइगर स्टोन, और ग्रीन एवेंच्यूरिन भी धन और समृद्धि के लिए लाभकारी माने जाते हैं।
ध्यान रखने योग्य बातें:--
किसी भी रत्न को धारण करने से पहले अपनी कुंडली का विश्लेषण करवाना चाहिए ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि वह रत्न आपके लिए सही है या नहीं।