26/01/2026
"संविधान देश को जोड़ता है, और अनुभव इंसान को—
आज सलाम उन्हें भी जिन्होंने साथ निभाया, और उन्हें भी जिन्होंने जीना सिखाया!"
"तिरंगा गवाह है मेरी हिम्मत का और वक्त गवाह है मेरी सच्चाई का—
वफादारों को नमन और दगाबाजों को मेरा शुक्रिया!"
आज 26 जनवरी है, हमारे गर्व का दिन। अक्सर हम इस दिन सिर्फ अधिकारों की बात करते हैं, लेकिन आज मैं उन सभी लोगों को याद करना चाहता हूँ जिन्होंने मेरे जीवन के सफर को मुकम्मल बनाया।
शुभकामनाएं उन विश्वास करने वाले साथियों को, जो ढाल बनकर खड़े रहे। आपकी वजह से ही दुनिया खूबसूरत लगती है और अपनों पर यकीन बना रहता है। आप ही वह नींव हैं जिस पर मेरा गणतंत्र खड़ा है।
लेकिन, आज एक सलाम उन धोखा देने वाले साथियों को भी। आपने भरोसा तोड़कर मुझे खुद पर यकीन करना सिखाया। आपकी दी हुई ठोकरों ने मुझे गिरकर संभलने और सही-गलत की पहचान करने की ताकत दी। अगर आप न होते, तो मैं शायद कभी इतना मजबूत नहीं बन पाता।
गणतंत्र हमें बराबरी का हक देता है, इसलिए आज मेरी दुआओं में आप दोनों शामिल हैं। आइए, पुरानी कड़वाहटों को पीछे छोड़कर एक ऐसे भविष्य की नींव रखें जहाँ धोखा कम और वफादारी ज्यादा हो।
जय हिन्द, जय भारत!